तू ही प्रथम, तू ही जगजानी
तू ही प्रतक्ष प्रेरणारुपणी
तू ही शक्ति, तू ही सहारा
तेरे बिन पौरुष अधमारा
तू निश्चल, निर्मल ममतामयी
तू कोमल और करुणामयी
पुरुष का पुरुषार्थ नही
धरती का यथार्थ नही
तू नही तो जीवन नही
तेरे बिन सब कुछ अधूरा
तू है तो सब कुछ पूरा
तू ही यौवन, तू ही आकर्षण
तू ही सौंदर्य, तू ही मन
प्रेम की परिभाषा है तू
क्या मैं तेरा वर्णन करू
शब्द नही मेरे पास,
जो तेरा अभिनंदन करू
है तुझपे सब कुछ अर्पण
मैं करूँ खुदको समर्पण
International Women`s Day fall on 8th of March.
See the ladies around you leaving out footprints in almost all fields, where society think they cant.
